
महतारी वंदन योजना से बदली जिंदगी, उर्मिला यादव बनीं आत्मनिर्भर
महतारी वंदन योजना की राशि से शुरू किया आर्टिफिशियल गहनों का व्यवसाय
जांजगीर-चांपा, 06 मार्च 2026/ कभी आर्थिक तंगी से जूझ रही गृहिणी उर्मिला यादव के जीवन में अब आत्मविश्वास और उम्मीद की नई किरण दिखाई दे रही है। चांपा नगर के वार्ड क्रमांक 02 की निवासी उर्मिला यादव के लिए महतारी वंदन योजना केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर बनने का एक मजबूत सहारा साबित हुई है।
उर्मिला यादव बताती हैं कि पहले उनके परिवार की पूरी जिम्मेदारी उनके पति रामनारायण यादव की सीमित आय पर ही निर्भर थी। बढ़ते खर्चों के कारण घर चलाना अक्सर मुश्किल हो जाता था। ऐसे में जब उन्हें महतारी वंदन योजना के तहत हर महीने 1000 रुपये की सहायता राशि मिलने लगी, तो उनके मन में कुछ नया करने का विचार आया। उन्होंने इस राशि को खर्च करने के बजाय बचाने का निर्णय लिया। लगातार पाँच महीनों तक राशि बचाकर उन्होंने एक छोटा सा व्यवसाय शुरू करने की योजना बनाई। थोड़ी बचत होने के बाद उर्मिला यादव ने आर्टिफिशियल गहनों का छोटा व्यवसाय शुरू किया। आज वे पायल, बिछिया, मंगलसूत्र सहित विभिन्न प्रकार के गहने घर से बेचती हैं और आसपास लगने वाले साप्ताहिक हाट-बाजारों में भी जाकर अपने उत्पादों की बिक्री करती हैं।
धीरे-धीरे उनका यह छोटा प्रयास आय का एक स्थायी स्रोत बन गया है। अब उन्हें हर महीने लगभग 2000 रुपये की अतिरिक्त आमदनी होने लगी है, जिससे परिवार की जरूरतें पूरी करने में काफी सहारा मिल रहा है। उर्मिला यादव कहती हैं कि “महतारी वंदन योजना ने मेरे जीवन में नई रोशनी लाई है। इससे मुझे कुछ करने की प्रेरणा मिली और आज मैं अपने परिवार की जिम्मेदारियों में भी योगदान दे पा रही हूं। उन्होंने इस योजना के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित कर रही है।







