उच्चत्तम अंक एवं द्वितीय स्थान प्राप्त करने के बावजूद राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार से वंचित व्याख्याता दामेसाय बघेल ने मुख्यमंत्री को दिया ज्ञापन…

 उच्चत्तम अंक एवं द्वितीय स्थान प्राप्त करने के बावजूद राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार से वंचित व्याख्याता दामेसाय बघेल ने मुख्यमंत्री को दिया ज्ञापन…

 

 


2025-26 से वंचित करने के संबंध में उच्च स्तरीय जांच एवं कार्यवाही बाबत आवेदन
पत्र ।

सन्दर्भ :- लोक शिक्षण संचालनालय छत्तीसगढ़ इन्द्रावती भवन प्रथम तल नवा रायपुर क्रमांक/शि.
क्र. प्र.कों./03/राज्यपाल/पु.रु./2025/99/नवा रायपुर दिनांक 01.09.2025।

संलग्न निवेदन है कि दामेसराय बघेल व्याख्याता शासकीय हाईस्कूल अनुपपुर पी.व्ही. 127
विकास खण्ड कोयलीbeda, जिला उ.व.काकेर में पदस्थ हूं।
01. यह कि सहायक जन सूचना अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी उ.व.काकेर से सूचना का
आधार 2005 के तहत् प्राप्त जानकारी के आधार पर मुझे राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार
सम्मान हेतु जिला स्तर समिति (डी.एस.सी.) काकेर द्वारा अपनी वरिष्ठता सूची में प्राप्तक
72/100 अंक के साथ द्वितीय स्थान प्रदान किया है। अर्थात् मैं शिक्षक सम्मान हेतु चयनित
आवेदक हूं। उच्च अंक प्राप्त करने के बावजूद राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार के वंचित एवं
दरकिनार किया गया जो भेदभाव को दर्शाता है। जोकि यह न्याय संगत नहीं है।
02. स्पष्ट है कि जिला स्तरीय समिति काकेर (डी.एस.सी) द्वारा वरिष्ठता सूची में मुझे द्वितीय स्थान
प्राप्त है जबकि द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले श्री बोधन लाल साहू शिक्षक शा.पूर्व माध्यमिक शाला
विनौरी विकास खण्ड-चारमा जिसका प्राप्तांक 71/100 है को संचालक लोक शिक्षण
संचालनालय रायपुर के द्वारा राज्य स्तर से राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार वर्ष 2025-26 के
लिए चयनित कर सूची जारी किया गया है। यह स्पष्ट है मुझे षड्यन्त्र पूर्वक सूची से पृथक कर
तिसरे क्रम एवं कम प्राप्तांक करने वाले का नाम सूची में शामिल किया गया है। अवलोकन हेतु
राज्य शिक्षक सम्मान जारी सूची संलग्न है।
03. मैं हल्का (अनुसूचित जनजाति) का हूं। काकेर जिले के सुदूर अंचल में 27/02/1989 से पदस्थ
हूं। तथा शैक्षणिक, साहिसंस्कृतिक, सामाजिक, भाषा, बोली, के क्षेत्र में कार्य करने का
अवसर मिला। कर्तव्यनिष्ठ एवं समर्पण के साथ अध्यापन कार्य के साथ-साथ अन्य गति
विधि को भी पूर्ण कर सुशासन तंत्र को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निर्वहन कर रहा हूं।
04. ऐसा प्रतीत होता है कि मैं अनुसूचित जनजाति वर्ग हूं। तथा सुदूर अंचल में कार्यरत हूं। इसलिए
मेरे साथ ऐसा छल किया जा रहा है। इस भेदभाव से मैं काफी उदास एवं मानसिक रूप से
पीडित हूं। तथा इस प्रकरण का उच्च स्तरीय जांच एवं कार्यवाही चाहता हूं।

अतः माननीय महोदय जी से निवेदन है कि राज्य शिक्षक सम्मान पुरस्कार के इस प्रकरण पर
उच्च स्तरीय जांच एवं कार्यवाही कर न्याय दिलाने की कृपा करेंगें।

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