लीलागर नदी पर उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग निर्माण के लिए 8 करोड़ 31 लाख 83 हजार रुपये की स्वीकृति

लीलागर नदी पर उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग निर्माण के लिए 8 करोड़ 31 लाख 83 हजार रुपये की स्वीकृति
पामगढ़-शिवरीनारायण क्षेत्र के आवागमन को मिलेगी बड़ी सुविधा, बारिश में आवागमन बाधित होने की समस्या होगी दूर
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में अधोसंरचना विकास को मिल रही गति
जांजगीर-चांपा, 03 अक्टूबर 2026/ राज्य शासन के लोक निर्माण विभाग द्वारा जांजगीर-चांपा जिले में लीलागर नदी पर उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग निर्माण के लिए 8 करोड़ 31 लाख 83 हजार रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। वर्ष 2025-26 के बजट में शामिल इस कार्य के अंतर्गत बिलासपुर-रायगढ़ मार्ग के उद्विल स्थित रा.रा.क्र. 49 (पुराना रा.रा.क्र. 200) के किमी. 25 पर मस्तूरी से मुलमुला के बीच लीलागर नदी पर उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग का निर्माण किया जाएगा।
लीलागर नदी पर प्रस्तावित यह उच्चस्तरीय पुल क्षेत्र के महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग को मजबूत करेगा। वर्तमान में पुराने सेतु एवं जलमग्नीय पुल के कारण वर्षा ऋतु के दौरान आवागमन बाधित होने की स्थिति बनती है। ऐसे में उच्चस्तरीय पुल का निर्माण होने से क्षेत्रवासियों को वर्षभर सुगम एवं सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।राज्य शासन द्वारा इस कार्य के लिए 831.83 लाख रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है। पुल के निर्माण से पामगढ़-शिवरीनारायण क्षेत्र सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों के लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा सड़क, पुल एवं अन्य मूलभूत अधोसंरचना के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। लीलागर नदी पर उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग निर्माण की स्वीकृति क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण सौगात है।उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण विभाग मंत्री श्री अरुण साव के मार्गदर्शन में लोक निर्माण विभाग द्वारा आवश्यक सड़क एवं पुल निर्माण कार्यों को गति दी जा रही है।
जिले के प्रभारी मंत्री एवं वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी के मार्गदर्शन एवं प्रयासों से भी जिले में सड़क एवं अधोसंरचना विकास के कार्यों को गति मिली है। प्रस्तावित पुल के निर्माण से ग्रामीणों, किसानों, विद्यार्थियों, व्यापारियों एवं आम नागरिकों को आवागमन में बेहतर सुविधा होगी।





